अफ़ग़ान स्थापत्य, पहाड़ी किले और ऐतिहासिक प्रेम कथाओं का अनुभव लीजिए, मध्यप्रदेश में

15 December, 2025, 10:19 pm

 

राजस्थान की भव्य विरासत और किलों की परंपरा की तरह ही, मध्य प्रदेश का मांडू भी इतिहास, प्रेम और मानसून की सुंदरता को समेटे हुए एक अद्भुत गंतव्य है।मांडू एक शांत पहाड़ी दुर्ग नगरी है, जो अपने प्राचीन अवशेषों, हरियाली से भरे मानसून और बाज़ बहादुर–रानी रूपमती की अमर प्रेम कहानी के लिए प्रसिद्ध है। जंगलों और बादलों से घिरा यह स्थान समय से परे, काव्यात्मक अनुभव कराता है।

 विरासत एवं ऐतिहासिक स्मारक
दो झीलों के बीच निर्मित यह महल, पानी पर तैरते जहाज़ जैसा प्रतीत होता है "जहाज़ महल" इसी तरह 

"हिंडोला महल" झुकी हुई दीवारों वाला यह महल अपनी अनूठी स्थापत्य शैली के लिए जाना जाता है।

"रानी रूपमती मंडप "पहाड़ी पर स्थित यह मंडप नर्मदा घाटी और मानसून के बादलों का मनमोहक दृश्य प्रस्तुत करता है।

 प्राकृतिक सौंदर्य एवं दृश्य

मानसून के दौरान मांडू हरियाली, कोहरे और ठंडी हवाओं से जीवंत हो उठता है।
बादलों से ढकी सुबहें और सुनहरे सूर्यास्त इसकी सबसे बड़ी विशेषता हैं।
जैसे राजस्थान के पहाड़ी किले मानसून में नया रूप लेते हैं, वैसे ही मांडू मानसून पर्यटन का श्रेष्ठ उदाहरण है।

स्थानीय स्वाद

सरल मालवा शैली का भोजन ,स्थानीय नाश्ते,मानसून में गरम चाय का आनंद

 मांडू शांत, रोमांटिक और भावनाओं से भरा हुआ स्थल है।एक ऐसा स्थान जहाँ इतिहास और बादल एक-दूसरे से मिलते हैं।राजस्थान और मध्य प्रदेश के बीच मानसून पर्यटन सहयोग का यह एक आदर्श उदाहरण है। माडूं को देखने का सही समय जुलाई से फरवरी तक है । इन महीनों में  मानसून में मांडू अपनी पूरी सुंदरता में होता है।