महाराष्ट्र सदन में ‘लाइव पेंटिंग’ और ‘कलात्मक पतंगों’ का अनोखा उत्सव

नई दिल्ली, 11 जनवरी:
राजधानी दिल्ली के कस्तूरबा गांधी मार्ग स्थित नए महाराष्ट्र सदन में 10 जनवरी को आयोजित ‘हुरड़ा पार्टी व मकर संक्रांति महोत्सव’ के दौरान कला का अद्भुत उत्सव देखने को मिला। मराठी फिल्म जगत के प्रसिद्ध अभिनेता भरत जाधव के कर-कमलों से उद्घाटित इस आयोजन का मुख्य आकर्षण ‘लाइव पेंटिंग’ और ‘कलात्मक पतंग निर्माण’ रहा, जिसमें 100 से अधिक नवोदित कलाकारों और विद्यार्थियों ने भाग लेकर अपनी प्रतिभा से दिल्लीवासियों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
यह विशेष पहल फाइन लाइन आर्ट अकादमी के प्रमुख आशीष देशमुख और स्नेहल देशमुख की परिकल्पना से साकार हुई। मकर संक्रांति के अवसर पर आयोजित इस अभिनव गतिविधि में प्रतिभागी कलाकारों ने A3 आकार के सादे कागज से सुंदर पतंगें बनाईं और उन पर बिना किसी विषय-सीमा के फ्री-हैंड शैली में रंगों के माध्यम से अपनी कल्पनाओं को उकेरा। खास बात यह रही कि अधिकांश कलाकृतियों में सामाजिक संदेश भी निहित था, जिसने दर्शकों का विशेष ध्यान आकर्षित किया।
आयोजकों की ओर से सभी प्रतिभागियों को कैनवास, रंग और ब्रश सहित आवश्यक सामग्री नि:शुल्क उपलब्ध कराई गई। एक ओर शेकोटी पर भुनते हुरड़े की खुशबू और दूसरी ओर कैनवास पर उभरते महाराष्ट्र की ग्रामीण संस्कृति के रंग—इस अद्भुत माहौल ने महाराष्ट्र सदन परिसर को जीवंत कर दिया। कलाकारों ने खेत-खलिहान, ग्रामीण जीवन और पतंग उत्सव के विविध दृश्यों को अपनी कूंचियों से जीवंत रूप में प्रस्तुत किया। इस आयोजन में बच्चों से लेकर वरिष्ठ नागरिकों तक, सभी आयु वर्ग के लोगों ने उत्साहपूर्वक भागीदारी की।
कार्यक्रम के सफल आयोजन पर महाराष्ट्र सदन की निवासी आयुक्त एवं सचिव श्रीमती आर. विमला ने आशीष देशमुख, स्नेहल देशमुख और उनकी पूरी टीम की सराहना करते हुए उन्हें शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर फाइन लाइन आर्ट अकादमी की ओर से निवासी आयुक्त को भगवान गणेश की सुंदर कलाकृति भेंट स्वरूप प्रदान की गई।
इस रचनात्मक महोत्सव के माध्यम से दिल्ली के हृदय में महाराष्ट्र की मिट्टी, संस्कृति और कला की खुशबू बिखर गई, जिसकी सभी स्तरों पर सराहना की जा रही है।




